Key in dbms - key in dbms in hindi

 

Key in DBMS in hindi

Key - यह एक ऐसा attribute है जिसके through किसी row को uniquely identify कर सकते हैं। या की वे attribute होते हैं जिनका use Entity Set में एक Entity को दूसरी Entity से अलग करने में किया जाता है।


Types of Keys in hindi


(1) Primary Key - Attribute या किसी group of attribute जिसके through किसी Relation में सभी row को uniquely identify किया जा सकता है।


 इसकी दो properties होती हैं-

(1) Unique

(2) Not null

Example--Student Table 



इस Student table में सभी Student का Roll no. unique होगा इसलिए हम Roll no. field को Primary key define करेंगे।


(2) Foreign Key - एक ही database के एक Relation का वह Attribute जो उसी database के अन्य Relation के लिए primary Key का work करें उसे Foreign Key कहते हैं इसे Reference key भी कहते हैं क्योंकि यह दो table के बीच Relation create करता है इसमें null value व same value (Repeated value) हो सकते हैं। 


EXAMPLE - 


उपरोक्त table में Roll no. field को foreign key create किया गया है क्योंकि इसी Attribute के through class table व Student table में relation create कर सकते हैं।


(3) Super Key-यह एक या एक से अधिक attribute का group होता है जो किसी Special process से किसी entity set में Entity को identify कर सकता है।


Example - 

मान लो किसी Entity के 4 attribute A, B, C, D हैं यदि A किसी Entity को Specially identify कर सकता है, तो A को उस Entity का Super key कहते हैं। इसी प्रकार किसी attribute या group of attribute 

का A के साथ Combination Super Key कहलाता है। जैसे {A,B} (A,C) (A,D}, {A, B,D) (A,B,D) {A,C,D,) और (A,B,C,D) को Super key कहा जाता है।


(4) Candidate key - यह attribute या group of attribute जो Entity को uniquely identify कर सके Candidate key कहलाता है जिसका कोई भी Proper Subset Super key नहीं है।


Example - माना कि एक Entity के 4 attribute A, B, C व D हैं यदि attribute (A) तथा {C,D) दोनो किसी Entity को identify कर सकते हैं Super Key_{A}, {A,B} {A,C) (A,D) (A,B,C,) (A,B,D} {A,C,D,) (A,B,C,D) A के Relation में तथा (C,D,A),(C,D,B),(C,D,A,B),CD के relation में होंगे।

Candidate key के Definition के according {A,B} Candidate key नही हो सकती क्योंकि इसका Subset (A} एक Super key है। इस तरह {B,C,D} की Candidate key नहीं हो सकता क्योंकि इसका Subset {C, D} एक Super key हैं। और {A} तथा {C, D.) ही Candidate key हो सकता है। 


(5)Alternate key - यह एक ऐसा Primary key होता है जिसका उपयोग ऐसी Candidate key के लिए किया जाता है जो database designer के through primary key select करने के बाद remaining रहता है।


Example - According को Example Candidate key {A} तथा (C, D) में A को Primary Key बनाया जाये तो (C,D) alternate कहलाती है।


(6) Composite key - एक ऐसी Primary key जिसमे एक से अधिक attribute हो, Composite Key कहलाता है।


Example - यदि का किसी database में 2 Attribute को Primary key diclare करते हैं जैसे कि fee Structure database में Course तथा yearsem दोनों को Primary key बनाया जाता है तो उसे Composite Attribute कहते हैं।


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